अमोली कला में संगीतमयी श्रीमद्भागवत कथा के दूसरे दिन उमड़ा श्रद्धालुओं का सैलाब

बाराबंकी संदेश महल
ग्राम अमोली कला में आयोजित सात दिवसीय संगीतमयी श्रीमद्भागवत कथा के दूसरे दिन मंगलवार को श्रद्धालुओं ने भक्ति रस में डूबकर कथा का आनंद लिया। कथा के व्यास ब्रह्मलीन पूज्य पाद स्वामी श्री 1008 श्री विवेकानंद सरस्वती जी महाराज, नैमिषारण्य धाम के कृपा पात्र कथावाचक अवधेश कुमार शुक्ल ‘तरंग’ ने ज्ञान, भक्ति, नारद संवाद एवं शिव-पार्वती संवाद का भावपूर्ण और मार्मिक वर्णन किया। उनके प्रवचनों ने उपस्थित श्रद्धालुओं को भावविभोर कर दिया।


कथा स्थल पर आसपास के गांवों से बड़ी संख्या में महिलाएं, पुरुष एवं बच्चे पहुंचे और श्रद्धा पूर्वक कथा श्रवण किया। वातावरण पूरी तरह भक्ति और आध्यात्मिक ऊर्जा से सराबोर रहा।
आयोजक अनमोल मिश्रा ने बताया कि सातों दिन संगीतमयी कथा का आयोजन किया जा रहा है, जिसमें भगवान श्रीकृष्ण के जीवन प्रसंगों सहित संपूर्ण श्रीमद्भागवत कथा का विस्तार से वर्णन किया जाएगा।
कार्यक्रम के अंत में आरती और प्रसाद वितरण किया गया। वहीं, नैमिष धाम से पधारे आचार्य अमलेश पांडे द्वारा वैदिक मंत्रोच्चारण के साथ विधि-विधानपूर्वक पूजन संपन्न कराया गया।