थाने में पूछताछ के दौरान मेडिकल स्टोर संचालक की मौत, हत्या की धाराओं में मुकदमा दर्ज

बहराइच संदेश महल
थाना रामगांव में पुलिस पूछताछ के दौरान 55 वर्षीय मेडिकल स्टोर संचालक राकेश चन्द्र श्रीवास्तव की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो जाने से इलाके में हड़कंप मच गया। परिजनों ने पुलिस पर पिटाई और अमानवीय व्यवहार का आरोप लगाया है। मामले की गंभीरता को देखते हुए तीन पुलिसकर्मियों के खिलाफ हत्या की धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया है।
परिवार के अनुसार, गुरुवार शाम पुलिस राकेश चन्द्र श्रीवास्तव को पूछताछ के लिए थाने ले गई थी, लेकिन यह नहीं बताया गया कि उन्हें किस मामले में बुलाया गया है। आरोप है कि थाने में करीब तीन घंटे तक उनसे लगातार पूछताछ की गई। जब परिजन जानकारी लेने पहुंचे तो उनके साथ अभद्र व्यवहार किया गया। मृतक के दिव्यांग बड़े पुत्र को कथित रूप से गाली देकर भगा दिया गया, जबकि अन्य परिजनों को भी थाने से दौड़ा लिया गया।
परिजनों का कहना है कि राकेश चन्द्र श्रीवास्तव को एक कमरे में बंद कर कई पुलिसकर्मी पूछताछ करते रहे। देर रात लगभग नौ बजे पुलिस शव को घर छोड़ गई और बताया कि हार्ट अटैक से मौत हुई है। परिवार ने सवाल उठाया है कि यदि हार्ट अटैक पड़ा था तो उन्हें तत्काल अस्पताल क्यों नहीं ले जाया गया और समय पर सूचना क्यों नहीं दी गई।
घटना के बाद क्षेत्र में आक्रोश फैल गया। स्थानीय लोगों ने निष्पक्ष जांच की मांग की। मामला बढ़ने पर अपर पुलिस अधीक्षक (ग्रामीण) को हस्तक्षेप करना पड़ा। उनके निर्देश पर थाना रामगांव के थानाध्यक्ष गुरुसेन सिंह, कांस्टेबल पवन यादव और एक अज्ञात पुलिसकर्मी के खिलाफ हत्या की धाराओं में एफआईआर दर्ज की गई है।
मृतक के पुत्र अनिकेत श्रीवास्तव की तहरीर पर दर्ज मुकदमे में आरोप लगाया गया है कि पुलिस की पिटाई और अमानवीय व्यवहार के कारण उनके पिता की मौत हुई। शुक्रवार सुबह शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया।
स्थिति की संवेदनशीलता को देखते हुए थाना परिसर में छह थानों की पुलिस फोर्स और पीएसी तैनात कर दी गई है। अब सभी की निगाहें पोस्टमार्टम रिपोर्ट और आगे की कानूनी कार्रवाई पर टिकी हैं।