हीराराम सैन
सिरोही राजस्थान संदेश महल समाचार
राजस्थान सरकार ने पुलिस विभाग में बड़ा प्रशासनिक फेरबदल करते हुए भारतीय पुलिस सेवा के 64 अधिकारियों के तबादले कर दिए हैं। जारी आदेश के अनुसार राज्य के कई जिलों के पुलिस अधीक्षकों को बदला गया है और विभिन्न शाखाओं में वरिष्ठ अधिकारियों को नई जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं।सरकार के इस निर्णय को पुलिस प्रशासन को और अधिक प्रभावी बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। आदेश के तहत कई अधिकारियों को मुख्यालय और विशेष इकाइयों में नई तैनाती दी गई है।आदेश के अनुसार अजय सिंह को जयपुर पुलिस आयुक्तालय में अतिरिक्त पुलिस आयुक्त (प्रथम) बनाया गया है, जबकि योगेश यादव को आतंकवाद निरोधक दस्ता जयपुर में उप महानिरीक्षक पुलिस नियुक्त किया गया है।
इसी प्रकार अनिल कुमार को पुलिस मुख्यालय जयपुर में उप महानिरीक्षक पुलिस, मनीष अग्रवाल को खुफिया शाखा में उप महानिरीक्षक पुलिस तथा विकास शर्मा को कार्मिक शाखा में उप महानिरीक्षक पुलिस बनाया गया है।इसके अलावा आनंद शर्मा को जयपुर विकास प्राधिकरण में उप महानिरीक्षक पुलिस, राममूर्ति जोशी को भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो उदयपुर तथा आलोक श्रीवास्तव को पुलिस आवास निगम जयपुर में उप महानिरीक्षक पुलिस के पद पर तैनाती दी गई है।सरकार के आदेश के तहत राशि डोगरा डूडी को विशेष अभियान समूह (अपराध शाखा) जयपुर, भावना गुप्ता को सुरक्षा शाखा जयपुर, आदर्श सिद्धू को भारतीय रिजर्व बटालियन जयपुर तथा अभिजीत सिंह को मादक पदार्थ निरोधक विशेष दल में उप महानिरीक्षक पुलिस बनाया गया है।वहीं शांतनु कुमार सिंह को साइबर अपराध शाखा जयपुर, देवेंद्र कुमार विश्नोई को क्षेत्रीय पुलिस प्रशिक्षण केंद्र जोधपुर, विनीत कुमार बंसल को भारतीय रिजर्व बटालियन द्वितीय जयपुर तथा नारायण टोगस को भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो अजमेर में उप महानिरीक्षक पुलिस नियुक्त किया गया है।
सिरोही में बदले पुलिस अधीक्षक
आदेश के तहत पुष्पेन्द्र सिंह राठौड़ को सिरोही जिले का नया पुलिस अधीक्षक बनाया गया है। उनका तबादला भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो जयपुर से कर सिरोही भेजा गया है। वहीं वर्तमान पुलिस अधीक्षक डॉ. प्यारेलाल शिवरान का स्थानांतरण अपराध अनुसंधान विभाग (सीआईडी-सीबी) जयपुर कर दिया गया है।
सरकार द्वारा जारी इस आदेश में कई अन्य जिलों के पुलिस अधीक्षकों और वरिष्ठ अधिकारियों के भी तबादले किए गए हैं। प्रशासनिक हलकों में इसे पुलिस व्यवस्था को अधिक सुदृढ़ बनाने की दिशा में बड़ा कदम माना जा रहा है।