फतेहपुर वन रेंज में हरा-भरा शीशम कटने का मामला, ठूंठ पर पुआल जलाकर सबूत मिटाने की कोशिश

फतेहपुर बाराबंकी संदेश महल
फतेहपुर वन रेंज के ग्राम बिलौली मजरे मीरपुर में हरा-भरा प्रतिबंधित शीशम कटान का सनसनीखेज मामला सामने आने के बाद ग्रामीणों में भारी आक्रोश है। आरोप है कि वन विभाग की मिलीभगत से रातोंरात तीन हरे शीशम के पेड़ काटकर न सिर्फ गायब कर दिए गए, बल्कि ठूंठ पर पुआल जलाकर सबूत तक मिटाने का प्रयास किया गया।

ग्राम निवासी अयोध्या सोनी की बाग में लगे इन पेड़ों को ठेकेदार द्वारा बीती रात काटा गया। ग्रामीणों ने बताया कि क्षेत्र में लंबे समय से अवैध लकड़ी कटान का खेल चल रहा है, जिसे विभाग की अनदेखी या शह के बिना संभव नहीं माना जा रहा। कई ग्रामीणों ने नाम न बताने की शर्त पर कहा कि यहां आए दिन पेड़ कटते हैं, लेकिन विभाग को न तो जानकारी मिलती है और न ही कोई कार्रवाई होती है।

मामले में जब क्षेत्रीय वन दरोगा मुनेश्वर प्रसाद से संपर्क करने की कोशिश की गई तो उन्होंने फोन उठाना तक जरूरी नहीं समझा। वहीं वन क्षेत्राधिकारी पी.के. सिंह ने दूरभाष पर बताया कि मामले की जांच कराई जाएगी और यह भी देखा जाएगा कि लकड़ी कटान के लिए कोई पूर्व अनुमति थी या नहीं। बिना परमिट पाए जाने पर कार्रवाई की बात कही गई।

ग्रामीणों का कहना है कि ठेकेदारों के हौसले इतने बुलंद कैसे हो गए कि उन्होंने प्रतिबंधित पेड़ काटकर लकड़ी गायब करने के साथ-साथ सबूत मिटाने की भी कोशिश कर डाली। वहीं विभाग की चुप्पी कई गंभीर सवाल खड़े कर रही है। फिलहाल ग्रामीण पारदर्शी जांच की मांग कर रहे हैं और वन विभाग की कार्यशैली पर सवाल उठा रहे हैं।