जेपी रावत/लखीमपुर-खीरी संदेश महल समाचार
बसपा प्रभारी एडवोकेट सुरेंद्र कुमार आजाद ने भाजपा, कांग्रेस और समाजवादी पार्टी पर निशाना साधते हुए कहा कि इन दलों ने देश और प्रदेश का सत्यानाश कर दिया है। उन्होंने आरोप लगाया कि तीनों दल दलित, पिछड़े और अल्पसंख्यक समाज को केवल चुनाव के समय याद करते हैं, जबकि सत्ता और राजनीतिक प्रतिनिधित्व देने की बारी आती है तो इन वर्गों की उपेक्षा की जाती है।
उन्होंने कहा कि बसपा शासनकाल में प्रदेश में खुशहाली का माहौल था। सर्वसमाज के लोगों को न्याय और सम्मान मिलता था। अधिकारियों द्वारा जनता की समस्याओं का शीघ्र निस्तारण किया जाता था। बच्चों की शिक्षा, बुजुर्गों की पेंशन, महिलाओं की सुरक्षा, युवाओं को रोजगार और किसानों को फसल का उचित मूल्य दिलाने की दिशा में काम किया जाता था। उनका दावा है कि सरकारी योजनाओं का लाभ समाज के अंतिम पायदान पर खड़े व्यक्ति तक पहुंचता था।
सुरेंद्र कुमार आजाद ने कहा कि कांग्रेस की कमजोरियों के कारण भाजपा केंद्र की सत्ता में पहुंची, जबकि सपा के शासनकाल में गुंडाराज के आरोपों के चलते जनता ने उसे सत्ता से बाहर कर दिया। उन्होंने भाजपा पर चुनाव के दौरान झूठे वादे करके सत्ता हासिल करने का आरोप लगाया।
उन्होंने कहा कि तीनों राजनीतिक दल बड़े लोगों को लाभ पहुंचाने का काम करते हैं। चुनाव के समय दलित, पिछड़े और अल्पसंख्यक समाज के हितों की बात की जाती है, लेकिन राजनीतिक भागीदारी देने के मामले में उन्हें पीछे कर दिया जाता है। राज्यसभा में भी इन वर्गों के प्रतिनिधित्व को पर्याप्त महत्व नहीं दिया जा रहा है।
उन्होंने कहा कि प्रदेश में सामाजिक न्याय, समानता और खुशहाली स्थापित करनी है तो वर्ष 2027 के विधानसभा चुनाव में बहुजन समाज पार्टी की सरकार बनानी होगी।