फोटो खिंचाने तक सिमटी स्टेट क्वालिटी मॉनिटर की जांच, गुणवत्ता परीक्षण पर ग्रामीणों ने उठाए सवाल

संतकबीरनगर  संदेश महल समाचार

मनरेगा के तहत वित्तीय वर्ष 2023-24 में कराई गई विकास परियोजनाओं की गुणवत्ता जांच के लिए गुरुवार को नाथनगर ब्लॉक पहुंचे स्टेट क्वालिटी मॉनिटर बाबूराम साहू की जांच प्रक्रिया को लेकर सवाल उठने लगे हैं। ग्रामीणों का आरोप है कि गुणवत्ता परीक्षण केवल मापन और फोटो खिंचवाने तक सीमित रहा, जबकि परियोजनाओं की तकनीकी जांच नहीं की गई।
स्टेट क्वालिटी मॉनिटर बाबूराम साहू ने ब्लॉक क्षेत्र में मनरेगा के तहत कराए गए कार्यों का निरीक्षण किया। सूत्रों के अनुसार, जांच के लिए ब्लॉक की आठ ग्राम पंचायतों की प्रमुख परियोजनाओं को चिन्हित किया गया, जिनमें अंततः जयराम पट्टी की सीसी रोड, सकरैचा स्थित विद्यालय की बाउंड्री वॉल तथा कोल्हूगाड़ा के खेल मैदान का निरीक्षण किया गया।
निरीक्षण के दौरान जयराम पट्टी की सीसी रोड और कोल्हूगाड़ा के खेल मैदान पर सीआईबी बोर्ड नहीं मिला, जिस पर मॉनिटर ने नाराजगी जताई। वहीं सकरैचा में सीआईबी बोर्ड तो लगा मिला, लेकिन उस पर बाउंड्री वॉल का क्षेत्रफल और व्यय की गई धनराशि का विवरण अंकित नहीं था। इस पर संबंधित तकनीकी सहायकों को आवश्यक निर्देश दिए गए।
ग्रामीणों का कहना है कि जयराम पट्टी में सीसी रोड की गुणवत्ता का परीक्षण केवल स्टील की हथौड़ी से एक बार प्रहार कर किया गया, जबकि सकरैचा की बाउंड्री वॉल और कोल्हूगाड़ा के खेल मैदान में केवल पिलरों का मापन कर फोटो खिंचवाने के बाद जांच पूरी कर ली गई। इससे ग्रामीणों ने गुणवत्ता जांच की प्रक्रिया पर सवाल उठाते हुए नाराजगी व्यक्त की।
निरीक्षण के दौरान ग्राम प्रधान जयराम पट्टी राम संवारे ओझा, ब्लॉक तकनीकी सहायक संजय पांडेय, फूलचंद यादव, विजय कुमार, राजेश कुमार सहित अन्य तकनीकी सहायक मौजूद रहे।